7 लौह अयस्क खदानें झारखंड के उद्योगों के लिए रिजर्व करेंगे, राज्य सरकार ने लिया निर्णय
राज्य सरकार ने सोमवार को झारखंड के सात लौह-अयस्क खदानों को राज्य लोक उपक्रमों के लिए रिजर्व करने का फैसला किया है। ऐसा पहली बार हुआ है, जब राज्य सरकार ने ऐसा निर्णय लिया है। मंत्रिपरिषद ने मंगलवार को स्वीकृति दे दी। अब इसे भारत सरकार के पास भेजा जाएगा। वहां से मंजूरी मिलने के बाद इस दिशा में आगे का काम शुरू होगा।
अविभाजित बिहार में वर्ष 1962 में घाटकुरी क्षेत्र की आयरन ओर माइंस और दूसरे क्षेत्रों की बॉक्साइट माइंस को लोक उपक्रम (केंद्रीय) के लिए रिजर्व किया गया था। बाद में बॉक्साइट माइंस को इस रिजर्व से अलग कर दिया गया। राज्य सरकार ने जो 7 माइंस राज्य उपक्रम के लिए रिजर्व किया है उनमें मार्च तक खनन हो रहा था। 31 मार्च के बाद उसका अवधि विस्तार नहीं किया गया है। इस प्रस्ताव पर केंद्र की मंजूरी मिली तो छोटे स्टील उद्योगों को आसानी से आयरन ओर मिल सकेगा। मंत्रिपरिषद ने 8 प्रस्तावों को मंजूरी दी।
लॉकडाउन में शराब की खुदरा दुकानों की एक्साइज ड्यूटी माफ
मंत्रिपरिषद ने निर्णय लिया है कि लॉकडाउन में खुदरा उत्पाद दुकानों के बंद रहने ( 22 मार्च से 19 मई) के दौरान निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप उत्पाद राजस्व की वसूली नहीं की जाएगी। इसी तरह 20 मई 2020 से खुदरा दुकानों का संचालन शुरू होने की तिथि से जून तक राजस्व लक्ष्य नहीं रहेगा। यानी लाइसेंसधारियों से बेवरीज कॉरपोरेशन लिमिटेड के गोदाम से शराब उठाव के अनुरूप ही उत्पाद परिवहन कर की वसूली की जाएगी।
from Dainik Bhaskar

Leave Comments
एक टिप्पणी भेजें