UP में मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें तेज:दिल्ली से लौटने के एक दिन बाद राज्यपाल से मिले CM योगी, 17 दिन में गवर्नर से यह उनकी दूसरी मुलाकात : लखनऊ - AKB NEWS

UP में मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलें तेज:दिल्ली से लौटने के एक दिन बाद राज्यपाल से मिले CM योगी, 17 दिन में गवर्नर से यह उनकी दूसरी मुलाकात : लखनऊ


 उत्तर प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार की अटकलों के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से मुलाकात की। इस मुलाकात को प्रदेश मंत्रिमंडल के विस्तार की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है।

बताया जा रहा है कि कैबिनेट मंत्री चेतन चौहान, कमला रानी वरूण और विजय कश्यप के निधन के बाद प्रदेश मंत्रिमंडल में कई जगह खाली हुए हैं। विधानसभा चुनाव में महज कुछ महीने बाकी रह जाने के मद्देनजर राजनीतिक समीकरण साधने के लिए मंत्रिमंडल का जल्द ही विस्तार किया जा सकता है।

27 मई को योगी ने की थी आनंदीबेन से मुलाकात
इससे पहले राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और सीएम योगी आदित्यनाथ ने 27 मई को मुलाकात की थी। तब दोनों के बीच बैठक 50 मिनट तक चली। इस दौरान सीएम योगी ने राज्यपाल को कोरोना की तीसरी लहर को लेकर किए गए इंतजामों के बारे में जानकारी दी थी। साथ ही कोरोना को लेकर मौजूदा हालातों से भी अवगत कराया था। कोरोना काल में 18 मंडल के दौरे के बाद सीएम योगी राज्यपाल से मुलाकात करने पहुंचे थे।

पीएम मोदी, अमित शाह और जेपी नड्‌डा से मिलकर लौटे हैं योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दो दिवसीय दिल्ली दौरे के बाद शुक्रवार देर शाम लखनऊ लौटे थे। दिल्ली प्रवास के दौरान उन्होंने शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से भेंट की। जबकि गुरुवार को उन्होंने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी।

औपचारिक तौर पर बताया गया था कि इन नेताओं के बीच यूपी में कोरोना प्रबंधन, मंत्रिमंडल विस्तार, प्रदेश भाजपा संगठन में फेरबदल को लेकर चर्चा हुई थी। मुख्यमंत्री योगी जब गुरुवार दोपहर अचानक दिल्ली के लिए रवाना हुए थे तो प्रदेश के राजनीतिक गलियारे में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया था। योगी की केंद्रीय नेताओं से भेंट के बाद से ही प्रदेश में जल्द मंत्रिमंडल विस्तार के कयास लगाए जा रहे हैं।

दूसरी बार मंत्रिमंडल का होगा विस्तार
19 मार्च 2017 को सरकार गठन के बाद 22 अगस्त 2019 को उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने मंत्रिमंडल विस्तार किया था। उस दौरान मंत्रिमंडल में 56 सदस्य थे। कोरोना के चलते तीन मंत्रियों का निधन हो चुका है। हाल ही में राज्यमंत्री विजय कुमार कश्यप की मौत हुई थी, जबकि पहली लहर में मंत्री चेतन चौहान और मंत्री कमल रानी वरुण का निधन हो गया था।

UP में कैबिनेट मंत्रियों की अधिकतम संख्या 60 तक हो सकती है। पहले मंत्रिमंडल विस्तार में 6 स्वतंत्र प्रभार मंत्रियों को कैबिनेट की शपथ दिलाई गई थी। इसमें तीन नए चेहरे भी थे।

यह है UP के मंत्रिमंडल की संख्या
उत्तर प्रदेश सरकार में अधिकतम 60 मंत्री बनाए जा सकते हैं। मौजूदा मंत्रिमंडल में 23 कैबिनेट मंत्री, 9 स्वतंत्र प्रभार मंत्री और 22 राज्यमंत्री हैं, यानी कुल 54 मंत्री हैं। इस हिसाब से 6 मंत्री पद अभी भी खाली हैं। ऐसे में योगी सरकार अगर अपने कैबिनेट से किसी भी मंत्री को नहीं हटाती है तो भी 6 नए मंत्री बनाए जा सकते हैं। चुनावी साल है इसलिए योगी सरकार कैबिनेट में कुछ नए लोगों को शामिल कर प्रदेश के सियासी समीकरण को साधने का दांव चल सकती है।

कोरोना महामारी में सिस्टम की नाकामी से उपजे असंतोष और पंचायत चुनाव में मिली हार के बाद से भाजपा की चिंता अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर बढ़ गई है। सूबे के विधानसभा चुनाव में महज आठ महीने का समय बाकी है।

Previous article
Next article

Leave Comments

एक टिप्पणी भेजें

Articles Ads

Articles Ads 1

Articles Ads 2

Advertisement Ads